Latest News
Home ताजा खबर वाराणसी नगर निगम व पशुपालन विभाग के बीच एमओयू, लगेगा बायोगैस प्लांट

वाराणसी नगर निगम व पशुपालन विभाग के बीच एमओयू, लगेगा बायोगैस प्लांट

by Khabartakmedia
varanasi smart city

Varanasi Smart City. गुरुवार को वाराणसी नगर निगम, पशुपालन विभाग और भारत बायोगैस एनर्जी लिमिटेड के बीच एक समझौता (एमओयू) हुआ। यह समझौता वाराणसी बायोगैस कन्वर्जन प्रोजेक्ट के लिए हुआ है। वाराणसी में एक बायोगैस प्लांट का निर्माण होना है। इस परियोजना का काम वाराणसी स्मार्ट सिटी कर रहा है। शहंशाहपुर स्थित उपवन गौशाला परिसर में खाली जमीन उपलब्ध है। जहां ये प्लांट लगाया जाना है।

वाराणसी स्मार्ट सिटी के मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल की अध्यक्षता में वाराणसी नगर निगम, पशुपालन विभाग और भारत बायोगैस एनर्जी लिमिटेड के बीच यह एमओयू हुआ है। समझौते के दौरान वाराणसी स्मार्ट सिटी के नगर आयुक्त गौरांग राठी भी मौजूद रहे।

इस बायोगैस प्लांट के निर्माण में भारत बायोगैस एनर्जी लिमिटेड तकनीकी सहयोग करेगा। जबकि श्प्राइडश् नाम की एक संस्था वित्तीय सहायता देगी।इस पूरी परियोजना का प्रबंधन वाराणसी स्मार्ट सिटी द्वारा किया जाएगा।

कैसे होगा काम:

इस बायोगैस प्लांट से सीएनजी (Compund Natural Gas) का उत्पादन होगा। सीएनजी उत्पादन के लिए गाय के गोबर, प्रेस मड व नेपियर घास की जरूरत होगी। जिसमें गोबर की आपूर्ति के लिए आसपास के गांवों के स्थाई निवासियों से निर्धारित दर पर गोबर की खरीद की जाएगी।

बायोगैस प्लांट लगाने के बाद कई फायदे होंगे। सीएनजी उत्पादन से कच्चे तेल व गैस आयात पर निर्भरता कम होगी। साथ ही किसान वर्ग की आय, ग्रामीण रोजगार व उद्यमिता में बढ़ोतरी होगी। उत्पादन प्रकिया के दौरान बनी जैविक खाद द्वारा कृषि उत्पाद में वृद्धि होगी। सिचाई दर में कमी होगी। कार्बन डाइऑक्साइड गैस के उत्सर्जन में कमी होगी।

एमओयू के दौरान नगर निगम से अपर नगर आयुक्त सुमित कुमार, वाराणसी स्मार्ट सिटी से महाप्रबंधक डॉ. डी. वासुदेवन, पशुपालन विभाग के प्रक्षेत्र अधीक्षक, श्याम प्रताप सिंह और भारत बायोगैस एनर्जी लिमिटेड से डॉ. भारत पटेल व अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Comment