Latest News
Home कोरोना वायरस किस राज्य ने वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट से PM Modi की फोटो हटा दी, लगाई गई CM की तस्वीर?

किस राज्य ने वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट से PM Modi की फोटो हटा दी, लगाई गई CM की तस्वीर?

by Khabartakmedia

Covid-19 Vaccination Certificate. भारत में वैक्सीन कमी खत्म होने का नाम नहीं ले रही। ना ही वैक्सीन को लेकर विवाद शान्त हो रहे हैं। कोरोना के टीके पर छिड़ी विवादों में एक हिस्सा टीकाकरण प्रमाण पत्र (Vaccination Certificate) का भी है। वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट की बहस में अब एक नया मोड़ आ गया है। छत्तीसगढ़ में वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट से भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की तस्वीर हटा दी गई है। पीएम मोदी की फोटो की जगह अब छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की फोटो लगा दी गई है। यह बदलाव छत्तीसगढ़ सरकार ने की है। यहां कांग्रेस पार्टी की सरकार है।

टाइम्स ऑफ इंडिया की एक खबर के मुताबिक छत्तीसगढ़ सरकार वैक्सीनेशन करवाने वाले लोगों को एक अलग सर्टिफिकेट जारी कर रही है। छत्तीसगढ़ में अब जो वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट 18-44 वर्ष के बीच वाले लोगों को दिए जा रहे हैं उस पर सीएम भूपेश बघेल की फोटो लगी हुई है। गौरतलब है कि राज्य में पहले ही वैक्सीनेशन के लिए एक अलग पोर्टल बनाई गई है। यहां कोरोना की टीका लगवाने के लिए लोग CGTEEKA पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करा रहे हैं। जबकि इस काम के लिए केंद्र सरकार ने CoWin पोर्टल लॉन्च की हुई है।

शुरू हुई टीका टिप्पणी:

जाहिर है कि केंद्र में भाजपा की सरकार है जबकि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार है। तो हर मुद्दे पर खींचातानी होना लाजमी भी है। वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट से पीएम मोदी की फोटो हटाए जाने पर राजनीतिक बयान आने शुरू हो गए हैं। छत्तीसगढ़ में भाजपा के विपक्षी नेता धरमलाल कौशिक ने इसे एक औसत कदम बताया है। कौशिक ने कहा है कि “छत्तीसगढ़ सरकार केंद्र की योजनाओं का क्रेडिट ले रही है। यह केंद्र सरकार का फैसला था कि राज्य सरकारों को वैक्सीन जरूर खरीदना चाहिए। जब यह केंद्र सरकार का फैसला है तो राज्य सरकारों को पीएम की तस्वीर ही लगानी चाहिए।”

छत्तीसगढ़ सरकार के इस फैसले का बचाव करते हुए राज्य के स्वास्थ्य मंत्री टीएस सिंह देव का बयान भी आया है। देव ने कहा है कि “मुझे नहीं लगता कि इसमें कोई दिक्कत है। जब भारत सरकार पैसा और वैक्सीन उपलब्ध करा रही थी तब सर्टिफिकेट पर प्रधानमंत्री की फोटो छपती थी। अब यदि राज्य सरकार कुछ कर रही है तो हमलोग मुख्यमंत्री की फोटो लगा रहे हैं।” स्वास्थ्य मंत्री ने सवालिया अंदाज में कहा कि “जब केंद्र सरकार ने वैक्सीन खरीदने और सारा बोझ राज्य सरकार पर डाल दिया है तो वे अपना सर्टिफिकेट जारी क्यों नहीं करें? सर्टिफिकेट पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ही फोटो क्यों लगनी चाहिए?”

क्या करेंगे दूसरे राज्य:

बता दें कि टीकाकरण के शुरुआती दिनों से ही सर्टिफिकेट पर पीएम की फोटो पर विवाद उखड़ा हुआ है। पहले सवाल उठा कि जब कोरोना की टीका वैज्ञानिकों ने बनाई है तो उनकी फोटो क्यों नहीं लगाई जा रही है? वैज्ञानिकों की मेहनत का क्रेडिट प्रधानमंत्री को क्यों जा रहा है? सवाल उठा कि पीएम की फोटो किस मकसद से लगाई जा रही है? क्या यह भी विज्ञापन ही हो रहा है? लेकिन अब एक राज्य ने इसे बदल दिया है। दिलचस्प होगा देखना कि क्या कोई अन्य राज्य छत्तीसगढ़ की ही तरह पीएम की फोटो हटाएगा? हालांकि जिन राज्यों में भाजपा की सरकार है वहां ऐसी कोई संभावना नहीं है।

यह भी देखें:

Related Articles

Leave a Comment