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दिल्ली का नामचीन अस्पताल ऑक्सीजन के लिए पहुंचा हाई कोर्ट, केंद्र सरकार को लगी फटकार?

by Khabartakmedia

भूतो न भविष्यति। ये घटना पहले कभी नहीं घटी थी। ये मंजर कभी नहीं देखा गया था। बुधवार को एक खौफनाक खबर सामने आई। लखनऊ से लेकर दिल्ली तक के कई बड़े अस्पतालों ने दोपहर तक एक ही तरह की सूचना जारी की। कई अस्पतालों ने कहा कि “हमारे अस्पताल में अब बस कुछ घंटों तक के लिए ही ऑक्सीजन बचा है। जल्द ही ऑक्सीजन खत्म हो जाएगी और सैकड़ों मरीजों की जान ख़तरे में पड़ जाएगी। लखनऊ के मेयो हॉस्पिटल से लेकर दिल्ली के मैक्स अस्पताल तक की यही कहानी है।

मैक्स हॉस्पिटल दिल्ली के सबसे बड़े अस्पतालों में से एक है। दोपहर में ही यह खबर आई कि मैक्स अस्पताल में महज तीन घंटों के लिए ही ऑक्सीजन शेष बची है। इसके बाद चार सौ से अधिक मरीजों की जान ख़तरे में पड़ जाएगी। यह भी पता चला कि मैक्स ने ऑक्सीजन की मांग दिल्ली की राज्य सरकार और केंद्र सरकार दोनों से ही की है। लेकिन कोई भी ऑक्सीजन उपलब्ध नहीं करा पा रहा है। इसके बाद मैक्स हॉस्पिटल ने दिल्ली उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।

Max Hospital की अलग अलग शाखाओं की जानकारी

मैक्स हॉस्पिटल की ओर से दिल्ली उच्च न्यायालय में एक याचिका दायर की गई। मैक्स ने सारी स्थिति अदालत को बताई। दिल्ली हाईकोर्ट ने भी हालात की गंभीरता को समझते हुए तुरंत ही सुनवाई शुरू कर दी। सुनवाई के दौरान उच्च न्यायालय ने केंद्र सरकार को जमकर लताड़ लगाई। न्यायालय ने साफ निर्देश दिया है कि केंद्र सरकार चाहे जैसे भी हो लेकिन ऑक्सीजन उपलब्ध कराए। अदालत ने इसे लोगों के “जीवन के अधिकार” से जोड़ा है।

हाल ए लखनऊ:

लखनऊ के बड़े अस्पताल MAKE WELL HOSPITAL AND TRAUMA CENTRE ने अपने यहां एक सूचना चिपका दिया। अस्पताल ने लोगों से कहा है कि अपने मरीजों को कहीं और ले जाएं क्योंकि अस्पताल में ऑक्सीजन नहीं है। अस्पताल का कहना है कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और केंद्र सरकार को कई बार निवेदन करने के बावजूद हमें पर्याप्त ऑक्सीजन की आपूर्ति नहीं की जा रही है। MAKE WELL इकलौता अस्पताल नहीं है लखनऊ में, जिसने ऐसी बात कही है। इस सूची में कई बड़े अस्पतालों के नाम शुमार हैं। खतरनाक है कि अस्पताल सीधे कह रहे हैं कि उन्होंने राज्य और केंद्र दोनों ही सरकारों से अनुरोध किया। बावजूद इसके ऑक्सीजन नहीं मिल रही है।

अब ऐसे में सरकार को बताना चाहिए कि आखिर ये स्थिति क्यों पैदा हो रही है? राज्य सरकार और केंद्र सरकार दोनों की लापरवाही और गैर जिम्मेदाराना रवैए का भुगतान आम जनता आखिर क्यों करे? कब तक करे? आम लोग ऑक्सीजन की कमी से क्यों जान गंवाएं?

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